राजेश बैरागी
हालांकि हर वर्ष जून का महीना आता है और यह परंपरा सदियों से चली आ रही है। जून हिंदी माह जेठ आषाढ़ के समानांतर आता है। पहले इसे केवल गर्मी के महीने के तौर पर जाना जाता है परंतु 2018 के बाद से यह महीना नोएडा ग्रेटर नोएडा यीडा समेत उत्तर प्रदेश के सभी औद्योगिक विकास प्राधिकरणों में सरगर्मी के लिए जाना जाता है। इस माह में इन औद्योगिक विकास प्राधिकरणों में अंतर प्राधिकरण तबादले होते हैं। इस तबादला प्रक्रिया की चपेट में प्रबंधक, अभियंता और लिपिक आते हैं। प्रथम श्रेणी के आईएएस और पीसीएस अधिकारी पहले भी स्थानांतरणीय थे और इस अंतर प्राधिकरण तबादला नीति निर्माताओं ने चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को बेहद उदार भाव से इससे मुक्त रखा। इस समय वही जून महीना चल रहा है। सभी तबादला अधीन अधिकारी और कर्मचारी आगामी 15 जून को लेकर आतंकित हो चले हैं। इस तारीख तक एक या एक से अधिक तबादला सूची लखनऊ से जारी होने का अनुमान जताया जा रहा है।

सूत्रों का दावा है कि राज्य के उद्योग मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी के कैंप कार्यालय में आजकल औद्योगिक विकास प्राधिकरणों में तबादलों को लेकर काफी सरगर्मी हैं। सूची बन रही हैं और उन्हें बार बार संशोधित करना पड़ रहा है। तबादला अधीन अधिकारी सिफारिश और पहुंच के बल पर अंतिम तौर पर सूची बनने ही नहीं दे रहे हैं। बताया जा रहा है कि तबादला करवाने और तबादला न होने देने के लिए नोएडा से लखनऊ तक राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में दलालों की एक बड़ी फौज खड़ी हो गई है। मोल-भाव आसमान छू रहे हैं। तबादला समय सीमा से अरे और परे अधिकारी भी पूरब के औद्योगिक विकास प्राधिकरणों से यहां आने को आतुर अधिकारी कर्मचारियों के प्रयासों से चिंतित हैं। अधिकांश अधिकारियों ने अपनी मेजों पर सजी रहने वाली फाइलों को ठिकाने लगा दिया है और नये काम को 15 जून गुजर जाने तक के लिए स्थगित कर दिया है। बताया गया है कि आजादी की तिथि 15 अगस्त 1947 को लेकर जैसी बेचैनी और बेकरारी उस समय अंग्रेजों में देखी गई थी,वैसी ही बेचैनी और बेकरारी उत्तर प्रदेश के औद्योगिक विकास प्राधिकरणों में आजकल देखी जा रही है। सबसे ज्यादा बेचैनी यूपीसीडा में डंप क्षमा करें, तबादला करने को लेकर है। हालांकि इस बार भी नोएडा ग्रेटर नोएडा और यीडा में तबादला एक्सप्रेस से कम ही यात्री उतरने की उम्मीद है जबकि यहां से भेजे जाने वाले यात्री अपने टिकट कैंसिल कराने में जी जान से जुटे हैं।

सभार

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *