Category: संपादकीय

हिंदी पत्रकारिता दिवस 30 मई पर विशेष: खबरों के साधन बढ़े पर खबर का स्तर गिरा

अशोक मधुप भारत में पत्रकारिता एक समय पर लोकतंत्र का चौथा स्तंभ मानी जाती थी। समाज की आवाज़ उठाने, सत्ता…

पानी का झगड़ा-पाकिस्तान में गृह युद्ध छिड़ा-बलूचिस्तान व सिंध आज़ादी पर अड़ा

किशन सनमुखदास भावनानी वैश्विक स्तरपर अगर दशकों पूर्व के इतिहास पर नजर डालें तो अनेकों ऐसे देश मिलेंगे जो पहले…

कोरोना वायरस के प्रकोप की भारत सहित विश्व में फ़िर से आहट

एडवोकेट किशन सनमुखदास भावनानीं वैश्विक स्तरपर दुनियाँ का हर देश अभी तक कोरोना वायरस (कोविड-19) की महामारी को भूल नहीं…