आरोप: चुनाव में विपक्षी दलों को रोकने के लिए कोविड को अप्राकृतिक रूप से बढ़ाया जा रहा
कोरोना संक्रमण के कुल सक्रिय मामलों की संख्या पांच हजार के पार
संजय कुमार शर्मा. खबरिया न्यूज. एनसीआर टुडे. नई दिल्ली। कोराना को लेकर देश की केंद्र सरकार ने फिर से लोगों के मन में डर और दहशत का महौल बनाना शुरू कर दिया है। 2020-21 और 2021-22 की तरह सरकार ने कोविड मरीजों के आंकड़े जारी करने शुरू दिए है। हालांकि बीते वर्षों में कोराना के फैलाव जनवरी के बाद शुरू होता था, लेकिन इस बार सरकार ने कोराना के फैलने की जानकारी मई के अंत में जारी करनी शुरू की। बीते वर्षों के आंकड़ों पर गौर करें तो मई और जून का समय कोराना के फैलाव का नहीं ठहराव का समय रहा है। जून के अंत आते-आते कोविड के मरीजों की संख्या घट जाया करती थी। कुछ कोविड के मरीजों के आंकड़े को चुनाव से जोड़ कर देख रहे है। लोगों का मानना है कि केंद्र सरकार बिहार चुनाव को लेकर कोविड के आंकड़े जारी कर रही है, जिसके बाद चूनाव के दरमयान काेरोना के नाम तरह-तरह की पाबंदी लगा कर विपक्षी दलों को प्रचार करने से रोका जा सके। सरकार इसी नीति के तहत कोविड को अप्राकृतिक रूप से काेराना को बढ़ाने का काम कर रही है।
देशभर में कोराना संक्रमण के 464 सक्रिय मामले बढ़ने के साथ कुल सक्रिय मामलों की संख्या शुक्रवार सुबह बढ़कर 5364 तक पहुंच गयी। पिछले 24 घंटों में इसके संक्रमण से चार और मरीजों की मौत होने से मृतकों की संख्या 55 पहुंच गयी है।
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार आज सुबह आठ बजे तक देश में कोरोना के सक्रिय मामलों की संख्या बढ़कर 5364 पहुंच गयी। अभी तक 4724 मरीजों को स्वस्थ्य होने पर उन्हें अस्पताल से छुट्टी मिल चुकी है और एक जनवरी से अब तक 55 लोगों की मौत हुयी है। पिछले 24 घंटों में कोराना संक्रमण के कुल 1266 मामले सामने आये हैं। जिनमें सबसे ज्यादा मामले केरल में दर्ज किए गए हैं। देश के नौ राज्यों में कोरोना सक्रिय मामलों सबसे अधिक है। जिनमें से केरल, दिल्ली, गुजरात, कर्नाटक, महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल में भी मामलों में उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई है। इसी अवधि में काेरोना संक्रमण के 498 नये सक्रिय मामले सामने आये हैं और 764 मरीजों के स्वस्थ्य होने पर उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गयी है लेकिन इस अवधि के दौरान चार और मरीजों की जान चली गयी। पिछले 24 घंटे में कोराेना के संक्रमण केरल में दो और कर्नाटक और पंजाब में एक-एक मरीज की मौत हो गयी है।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने लोगों से कोरोना प्रोटोकोल का पालन करने की अपील की है और कहा कि घबराने की आवश्यकता नहीं हैं। लोगों को भीड़भाड़ वाले इलाकों में जाने से बचने और मास्क का इस्तेमाल करने को कहा गया है। स्थानीय प्रशासन को सभी तरह की स्वास्थ्य सेवा की तैयारी करने के निर्देश दिये गये।
मंत्रालय ने बताया कि संक्रमण में लगातार वृद्धि को नए वेरिएंट के प्रसार से जोड़ा जा रहा है, जिसमें एलएफ.7, एक्सएफजी, जेएन.1 और हाल ही में पहचाने गए एनबी.1.8.1 सबवेरिएंट शामिल हैं।
देश में कुल सक्रिय मामलों में सबसे अधिक 1679 केरल के हैं और दिल्ली में 592 दर्ज किये गये हैं। इसके अलावा गुजरात में 615, पश्चिम बंगाल में 596, महाराष्ट्र में 548, कर्नाटक में 451, तमिलनाडु में 221, उत्तर प्रदेश में 205, राजस्थान में 107, हरियाणा में 78, आंध्र प्रदेश में 62, पुड्डुचेरी और सिक्किम में 12-12, मध्य प्रदेश में 36, झारखंड में आठ, छत्तीसगढ में 24, बिहार में 37, ओडिशा में 23, जम्मू-कश्मीर में सात, पंजाब मेें 21, असम में 10, गोवा में आठ, सिक्किम में 12, तेलंगाना में पांच, उत्तराखंड में तीन, चंड़ीगढ़ में दो और हिमाचल प्रदेश एक सक्रिय मामले हैं। मिजोरम और अरुणाचल प्रदेश में कोरोना संक्रमण को कोई मामला सामने नहीं आया है।